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सरकारी स्कूलों में दाखिला बढ़ाने के लिए शिक्षक अभिभावकों से करेंगे संपर्क

PNN/ Faridabad: हरियाणा स्कूल शिक्षा विभाग (Haryana School Education Department) ने स्कूलों में स्टाफ के लिए लागू रोस्टर प्रणाली खत्म कर दी है। अब सभी शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों को स्कूल आना होगा। दिव्यांग, गर्भवती महिला व गंभीर बीमारियों से पीड़ित स्टाफ को भी कोई छूट नहीं मिलेगी। उन्हें भी स्कूलों में उपस्थित होने का निर्देश जारी कर दिया गया है।
निदेशक सेकेंडरी शिक्षा ने सोमवार को इस संबंध में सभी जिला शिक्षा, मौलिक शिक्षा, खंड शिक्षा, खंड मौलिक शिक्षा अधिकारियों, स्कूल मुखिया व प्रभारियों को पत्र जारी कर दिया है। इन्हें सुनिश्चित करना होगा कि पूरा स्टाफ स्कूल आए। शिक्षकों को ऑनलाइन पढ़ाई के अलावा स्कूलों में बच्चों का दाखिला प्रतिशत भी बढ़ाना होगा।

शिक्षक अपने-अपने क्षेत्र के गण्यमान्य लोगों व बच्चों के अभिभावकों से संपर्क करेंगे। उनसे आग्रह किया जाएगा कि अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में दाखिल करवाएं। इसके साथ ही सरकारी स्कूल छोड़ने वाले बच्चों के अभिभावकों से भी संपर्क कर यह जानेंगे कि उन्होंने दूसरी जगह दाखिला लिया है या पढ़ाई ही छोड़ दी।

शिक्षक स्कूल छोड़ने वाले बच्चों व उनके अभिभावकों को दोबारा दाखिला लेने के लिए भी प्रेरित करेंगे। इस कार्य की रोजाना रिपोर्ट स्कूल मुखिया को सौंपनी होगी। स्कूल मुखिया इसे जिला शिक्षा व मौलिक शिक्षा अधिकारियों को भेजेंगे। जिसमें पूरी जानकारी रहेगी कि कितने दाखिला करवाए, कितने अभिभावकों से संपर्क किया। बच्चों के स्कूल छोड़ने का कारण क्या रहा। सरकारी स्कूलों में एक साल में चार लाख से अधिक बच्चे कम हुए हैं। जिसका सरकार ने कड़ा संज्ञान लिया है। अब पता लगाया जा रहा है कि ये बच्चे स्कूल छोड़कर कहां गए।

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Shafi-Author

Shafi Shiddique